CMR घोटाला: 5.30 करोड़ का नुकसान, राइस मिलर पर FIR
हरियाणा के घरोंदा में कस्टम-मिल्ड राइस (CMR) को लेकर बड़ा मामला सामने आया है। पुलिस ने एक राइस मिलर और उसके दो गारंटरों के खिलाफ सरकारी चावल न लौटाने के आरोप में केस दर्ज किया है। विभाग के मुताबिक, मिलर की लापरवाही और गड़बड़ी से सरकार को 5.30 करोड़ रुपये से अधिक का नुकसान हुआ है।
खाद्य एवं आपूर्ति विभाग के अधिकारियों के अनुसार, मिल को 36,385 क्विंटल धान कस्टम मिलिंग के लिए आवंटित किया गया था—
- 27,198 क्विंटल: घरोंदा अनाज मंडी
- 9,187.50 क्विंटल: असंध अनाज मंडी

सरकारी नियमों के मुताबिक, मिलर को कुल धान का 67% चावल यानी करीब 24,378.286 क्विंटल CMR FCI को जमा करना था। लेकिन निर्धारित अंतिम तिथि 30 सितंबर 2025 तक मिलर ने केवल 12,066 क्विंटल ही जमा किया।
विभागीय निरीक्षक सज्जन मान ने बताया कि मिल की फिजिकल वेरिफिकेशन में धान या चावल का कोई भी स्टॉक मौजूद नहीं मिला। कई नोटिस देने के बावजूद मिलर ने मात्र 20 लाख रुपये ही जमा कराए।
घरोंदा SHO दीपक कुमार ने पुष्टि की कि मिलर और दोनों गारंटरों के खिलाफ FIR दर्ज करके जांच शुरू कर दी गई है।
