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हरियाणा में नए जिलों की सुगबुगाहट तेज, 1 नवंबर को हो सकती है बड़ी घोषणा

चंडीगढ़ — हरियाणा में प्रशासनिक पुनर्गठन को लेकर सरकार ने तैयारियां तेज कर दी हैं। सूबे में नए जिलों के गठन की चर्चाएं जोरों पर हैं और माना जा रहा है कि 1 नवंबर, हरियाणा दिवस पर सरकार कोई बड़ा ऐलान कर सकती है।

5 नए जिलों की चर्चा में नाम

राज्य में फिलहाल 22 जिले हैं, लेकिन सरकार 5 नए जिले बनाने की योजना पर काम कर रही है। चर्चाओं में जो नाम सबसे आगे हैं—

हांसी (हिसार से अलग)

डबवाली (सिरसा से अलग)

गोहाणा (सोनीपत से अलग)

असंध (करनाल से अलग)

सफीदों (जींद से अलग)

इन क्षेत्रों से लंबे समय से स्थानीय प्रतिनिधि और सामाजिक संगठनों द्वारा नए जिले की मांग की जा रही है।

प्रशासनिक मानदंड तय

हरियाणा सरकार ने नए जिलों के गठन के लिए कुछ स्पष्ट मानदंड तय किए हैं —

कम से कम 4 लाख से अधिक जनसंख्या

125 से 200 गांवों का क्षेत्र

लगभग 80,000 हेक्टेयर भूमि क्षेत्रफल

और मौजूदा जिला मुख्यालय से 25 से 40 किलोमीटर की दूरी

इन मानदंडों के आधार पर उपयुक्त क्षेत्रों की पहचान की जा चुकी है।

समिति की रिपोर्ट तैयार

सूत्रों के अनुसार, राज्य सरकार की गठित उप-समिति ने अब तक 73 प्रस्तावों की समीक्षा की है, जिनमें 10 नए जिलों, 14 उपमंडलों और 27 उप-तहसीलों के सुझाव शामिल हैं।
यह रिपोर्ट अब अंतिम चरण में है और जल्द ही मुख्यमंत्री को सौंपी जाएगी, जिसके बाद अंतिम निर्णय संभव है।

कब हो सकता है ऐलान

सूत्र बताते हैं कि सरकार 1 नवंबर 2025 (हरियाणा दिवस) पर नए जिलों की घोषणा करने की तैयारी कर रही है। हालांकि, अभी तक कोई आधिकारिक अधिसूचना जारी नहीं की गई है।
यदि सब कुछ तय समय पर रहा, तो हरियाणा को 23वां जिला इसी दिन मिल सकता है।

संभावित फायदे और चुनौतियाँ

फायदे:

नागरिकों को प्रशासनिक सेवाएँ और सरकारी दफ्तर नजदीक मिलेंगे।

स्थानीय विकास और रोजगार के अवसर बढ़ेंगे।

क्षेत्रीय पहचान को मजबूती मिलेगी।

चुनौतियाँ:

नए जिलों के लिए कार्यालय, बजट और स्टाफ की व्यवस्था बड़ी चुनौती रहेगी।

संसाधनों का समान वितरण और पारदर्शिता सुनिश्चित करना प्रशासन के लिए अहम होगा।

निष्कर्ष

हरियाणा में नए जिलों के गठन की तैयारियाँ पूरी रफ़्तार पर हैं।
अगर सब कुछ योजना के मुताबिक रहा, तो 1 नवंबर को राज्य के पुनर्गठन का नया अध्याय लिखा जाएगा।
अब नज़रें सरकार की आधिकारिक घोषणा पर टिकी हैं, जो यह तय करेगी कि हरियाणा का अगला जिला कौन होगा।

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