रोहतक ASI संदीप लाठर सुसाइड केस: FIR में IPS पर यौन शोषण व भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप
रोहतक में ASI संदीप लाठर की आत्महत्या केस को लेकर दर्ज FIR नंबर 305 अब सामने आई है, और इसमें बेहद गंभीर व संगीन आरोप दर्ज हैं। तीन माह बाद सामने आई इस FIR ने रोहतक पुलिस सिस्टम, IG ऑफिस और कुछ उच्च अधिकारियों पर कई सवाल खड़े कर दिए हैं। FIR दिवंगत ASI की पत्नी संतोष की ओर से दर्ज कराई गई है और इसमें कई चौंकाने वाले दावे किए गए हैं।
FIR में यौन शोषण का बड़ा आरोप
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार FIR में दावा किया गया है कि:
- IPS वाई पूरन कुमार ने एक महिला पुलिसकर्मी को ट्रांसफर के नाम पर IG ऑफिस बुलाया।
- वहां उसका यौन शोषण किए जाने का आरोप है।
- FIR में लिखा है कि महिला पुलिसकर्मी अपने तबादले को लेकर महीनों से चक्कर काट रही थी।
- इसी दौरान उसे ऑफिस में बुलाकर मानसिक व शारीरिक रूप से परेशान किया गया।
रिपोर्ट्स में यह भी कहा गया है कि अधिकारी यह स्पष्ट नहीं बता रहे कि महिला पुलिसकर्मी ने औपचारिक शिकायत दी है या नहीं।
ASI संदीप लाठर का सुसाइड: वीडियो और चार पन्नों का नोट
14 अक्टूबर को ASI संदीप लाठर ने धामड़ रोड पर बने कोठड़े की छत पर अपनी सर्विस रिवॉल्वर से गोली मारकर आत्महत्या कर ली थी।
- उन्होंने मरने से पहले एक वीडियो रिकॉर्ड किया।
- चार पन्नों का सुसाइड नोट छोड़ा था।
- इसमें भी IPS वाई पूरन कुमार पर भ्रष्टाचार और प्रताड़ना के गंभीर आरोप लिखे थे।
पोस्टमॉर्टम 16 अक्टूबर को हुआ और शव परिजनों को सौंप दिया गया।
FIR में IG ऑफिस को लेकर बहुत गंभीर आरोप
पत्नी संतोष द्वारा दर्ज FIR में ये आरोप दर्ज हैं:
भ्रष्ट पुलिसकर्मियों की तैनाती
IG ऑफिस में ऐसे कर्मचारियों को लगाया गया जो फाइलों के नाम पर:
- पुलिसकर्मियों को डराते थे
- जातिगत विभाजन करके माहौल बिगाड़ते थे
- मोटी रिश्वत वसूलते थे
SIS सुनील और गनमैन सुशील पर आरोप
FIR में लिखा है कि दोनों:
- फाइलों में कमियां निकालकर पैसे मांगते थे
- कई पुलिसकर्मियों को मानसिक रूप से परेशान करते थे
व्यापारियों और आम लोगों का शोषण
FIR के अनुसार:
- व्यापारियों को IG ऑफिस में बुलाकर गालियां दी जाती थीं
- डराया-धमकाया जाता था
- उनके ऑफिस में जाकर रिश्वत वसूली जाती थी
- इसके CCTV फुटेज और ऑडियो रिकॉर्डिंग होने का दावा भी FIR में है
FIR में IPS वाई पूरन कुमार पर बेहद गंभीर आरोप
सुसाइड नोट और FIR दोनों में आरोप हैं कि:
- IPS ने अपराध को बढ़ावा दिया
- महिला पुलिसकर्मियों का शोषण किया
- पुलिसकर्मियों, व्यापारियों और आम नागरिकों को प्रताड़ित किया
- रिश्वतखोरी को सिस्टम बना दिया
FIR में यह भी दावा है कि:
- IPS की पत्नी IAS अधिकारी हैं
- उनका साला पंजाब में विधायक है
- साले की पत्नी भी SC आयोग से जुड़ी हैं
- “इन संबंधों के दम पर भ्रष्टाचार को संरक्षण मिला” — FIR दावा

राजनीतिक और प्रशासनिक स्तर पर हलचल
FIR में यह दावा भी किया गया है:
- मामले को राजनीतिक व जातिगत रंग देने की कोशिश की गई
- एक “झूठा सुसाइड नोट” तैयार करने का दबाव बनाया गया
- IAS लॉबी पर भी ईमानदार अधिकारियों को टारगेट करने का आरोप है
मामला मुख्यमंत्री के संज्ञान में आने के बाद IPS का ट्रांसफर किया गया।
हालांकि, आधिकारिक रूप से अब तक किसी बड़े अधिकारी पर कार्रवाई की पुष्टि नहीं है।
क्या बोले अधिकारी?
पुलिस अधिकारियों ने यह तो स्वीकारा है कि:
- FIR दर्ज है
- जांच जारी है
लेकिन किसी भी महिला पुलिसकर्मी की आधिकारिक शिकायत की पुष्टि नहीं की गई है।
मीडिया की रिपोर्टों के अनुसार कई अधिकारी स्पष्ट रूप से कुछ भी कहने से बच रहे हैं।
आगे देखने योग्य मुद्दे
आने वाले दिनों में यह मुख्य रूप से साफ होगा:
- क्या महिला पुलिसकर्मी सामने आएगी?
- क्या CCTV और रिकॉर्डिंग्स की जांच होगी?
- क्या IPS पर औपचारिक जांच शुरू होगी?
- क्या सुसाइड से जुड़े सभी दस्तावेज सार्वजनिक किए जाएंगे?
- क्या यह मामला राजनीतिक रूप लेगा?
